नई दिल्ली,भारतीय रेलवे ने उत्तरी रेलवे के रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण जम्मू–श्री माता वैष्णो देवी कटरा रेल खंड पर लगभग 238 करोड़ रुपये की लागत से व्यापक सुरक्षा, संरक्षण एवं पुनर्वास कार्यों को मंजूरी प्रदान की है। इस परियोजना का उद्देश्य रेल मार्ग की दीर्घकालिक सुरक्षा, स्थिरता और विश्वसनीयता को और अधिक मजबूत बनाना है।
स्वीकृत कार्यों में संवेदनशील क्षेत्रों में ढलान स्थिरीकरण (Slope Stabilization), सुरंगों के पुनर्निर्माण, रिसाव नियंत्रण, पुलों के संरक्षण तथा अन्य आवश्यक सुरक्षा उपाय शामिल हैं। रेलवे द्वारा इन कार्यों को आधुनिक इंजीनियरिंग तकनीकों के माध्यम से चरणबद्ध तरीके से पूरा किया जाएगा।
रेल मंत्री Ashwini Vaishnaw ने कहा कि सरकार देश के कठिन और चुनौतीपूर्ण भूभागों में सुरक्षित एवं विश्वसनीय रेल संपर्क सुनिश्चित करने के लिए लगातार कार्य कर रही है। उन्होंने बताया कि कटिंग, पुलों और सुरंगों के विस्तृत तकनीकी मूल्यांकन के बाद संरक्षण एवं पुनर्वास कार्यों को मंजूरी दी गई है। इससे जम्मू–कटरा रेल खंड की परिचालन क्षमता और दीर्घकालिक सुरक्षा को मजबूती मिलेगी।
यह रेल मार्ग कठिन पहाड़ी क्षेत्रों, प्रतिकूल भूवैज्ञानिक परिस्थितियों और बदलते मौसम के कारण लंबे समय से इंजीनियरिंग चुनौतियों का सामना करता रहा है। इसके बावजूद भारतीय रेलवे ने समय-समय पर आवश्यक संरचनात्मक सुधारों और मजबूत आधारभूत ढांचे के विकास के माध्यम से इस मार्ग पर सुरक्षित रेल संचालन सुनिश्चित किया है।
Shri Mata Vaishno Devi Katra Railway Station तक पहुंचने वाला यह रेल मार्ग देश के प्रमुख धार्मिक और रणनीतिक रेल मार्गों में शामिल है, जहां प्रतिवर्ष लाखों श्रद्धालु यात्रा करते हैं। नई स्वीकृत परियोजनाओं के बाद इस मार्ग पर यात्रियों को और अधिक सुरक्षित, सुगम एवं विश्वसनीय रेल सेवाएं उपलब्ध हो सकेंगी।











